जनता का आंदोलन भाजपा की हर चाल और नफरत व हिंसा के दौर को खत्म कर देगा

अरवल में गांधी मूर्ति, 1942 के आजादी आंदोलन व 1986 के जनसंहार के शहीदों के स्मारक का लोकार्पण

महात्मा गांधी की शहादत की 74वीं बरसी पर अरवल में इतिहास एक बार फिर उठ खड़ा हुआ1930 के दशक में उभरे राष्ट्रीय आंदोलन के दौरान बिहार के ग्रामीण इलाकों में बड़े पैमाने पर पुस्तकालयों-वाचनालयों का निर्माण हुआ था, जो जल्द ही स्वतंत्रता आंदोलन के केंद्र बन गए थे. इसी कड़ी में अरवल (पुराना गया जिला) में 1933 में फ्रेंड नेशनल लाइब्रेरी का गठन हुआ. इस लाइब्रेरी को भी युवाओं की गतिविधियों का केंद्र बनते देर नहीं लगा.

नेताजी सुभाषचंद्र बोस की 125वीं जयंती मनाई गई

भाकपा(माले) की ओर से लोहरदगा (झारखंड) में 23 जनवरी 2022 को नेताजी सुभाषचंद्र बोस की 125वीं जयंती मनाई गई. मैथन रोड स्थित भाकपा(माले) कार्यालय में सबसे पहले उनके तस्वीर पर माल्यार्पण कर दो मिनट मौन रखकर उन्हे याद किया गया. इस मौके पर भाकपा(माले) नेता नागेन्द्र कुमार ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का भारत की आजादी में बड़ी भुमिका रही थी. उन्हांने देश की आजादी के लिए विदेशों में जाकर अपनी सेना बनाई थी और नारा दिया था कि ‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा.’ झारखंड की सरजमीं में नेताजी सुभाषचंद्र बोस से जुड़ी कई यादें हैं.

संविधान विरोधी है ‘महाराजा’ उपाधि

लोकतान्त्रिक अधिकार और सद्भावना मंच, उदयपुर ने विगत 28 जनवरी को दैनिक भास्कर, राजस्थान पत्रिका जैसे प्रमुख अखबारों में ‘महाराज’ टाइटल के साथ लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उदयपुर शहर में प्रमुखता से जो विज्ञापन छपे और खुलेआम शहर में जिस तरह बोर्डिंग का इस्तेमाल किया जा रहा है. इस मामले में कलेक्टर कार्यलय में ज्ञापन दिया गया.

बिहार में थमने का नाम नहीं ले रहा जहरीली शराब से मौत का सिलसिला

बिहार में जहरीली शराब से हो रही मौतें अब एक आम परिघटना बन गई हैं. न जाने कितनी मौतों के बाद नीतीश कुमार की नींद खुलेगी.

नालंदा के बाद सारण में मौत का तांडव

16 जनवरी 2022 को नालंदा में तांडव मचाने के तीन दिनों बाद सारण में जहरीली शराब ने तांडव मचाया है. सारण जिला के मकेर व अमनौर प्रखंड के दो गांवों में जहरीली शराब से कई लोगों की मौत हुई.

भाकपा(माले) की जांच रिपोर्ट : दिलशाद हत्याकांड : गोरखपुर के न्यायालय परिसर में हत्या

21 जनवरी 2022 की दोपहर 1.30 बजे 28 वर्षीय दिलशाद हुसैन उर्फ दिलराज की उत्तरप्रदेश के गोरखपुर सिविल कोर्ट परिसर के साइकिल स्टैंड के पास रिटायर्ड फौजी भागवत निषाद द्वारा गोली मारकर हत्या कर दी गई थी. मौके पर स्टैंड में कार्य कर रहे एक कर्मचारी ने गोली मारने वाले को पुलिस की मदद से पकड़ लिया था.

करम सिंह मुंडा को श्रद्धांजलि दी

रांची जिला के पंचपरगना क्षेत्र के भाकपा(माले) नेता करम सिंह मुंडा (80 वर्ष) का विगत 14 जनवरी 2022 को निधन हो गया. 25 जनवरी को उनके निवास गांव बितिलडीह के प्राथमिक विद्यालय के प्रांगण में उनकी की श्रद्धांजलि सभा आयोजित की गई. सभा के पूर्व गांव में एक जुलूस निकाला गया और ‘जल-जंगल-जमीन के लिए संघर्ष तेज करो’. ‘रायसा जलाशय निर्माण को रद्द करो’, ‘पांचवीं अनुसूची को सख्ती से लागू करो’, ‘ड्रोन सर्वे रद्द करो’, ‘स्वामित्व कार्ड हमें नहीं चाहिए’, ‘ जमीन हमारा, खेत हमारा’ आदि मांगों का नारा लगाते हुए पूरे गांव का भ्रमण किया गया.

आदिवासी संघर्ष मोर्चा की रांची जिला इकाई का गठन

विगत 27 जनवरी 2022 को रांची में आदिवासी संघर्ष मोर्चा की एक जिलास्तरीय बैठक आयोजित हुई. बैठक की का अध्यक्षता अलमा खलखो, मेवा उरांव, बिरसा उरांव व महाबीर मुंडा के अध्यक्ष मंडल और संचालन जगरनाथ उरांव ने किया. आदिवासी संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय संयोजक देवकीनंदन बेदिया सम्मेलन में मुख्य अतिथि के बतौर उपस्थित थे. बैठक में बुढ़मू, मांडर, रातू, कांके, ओरमांझी, चानो, रांची सदर समेत अन्य प्रखंडों के दर्जनों गांवों से लोग शामिल हुए. बैठक में सर्वप्रथम आधार पत्र का वितरण व पाठ किया गया.

भाकपा(माले) व सपा के बीच चुनावी वार्ता

विगत 5 जनवरी 2022 को भाकपा(माले) महासचिव कामरेड दीपंकर भट्टाचार्य के नेतृत्व में भाकपा(माले) के एक प्रतिनिधिमंडल की आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में भाजपा को हराने के लिए विपक्षी एकता बनाने के उद्देश्य से समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के साथ वार्ता हुई.

प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीद जीतराम बेदिया की 219वीं जयंती मनाई गई

देश की आजादी के 75 वर्ष के अवसर पर भाकपा(माले) द्वारा स्वतंत्रता संग्राम के गुमनाम शहीदों को याद करने और इतिहास लेखन की सच्ची धरा को स्थापित करने के आह्वान का पालन करते हुए झारखंड में शहीद जीतराम बेदिया, टिकैत उमराव सिंह, शेख भिखारी, घटवाल आंदोलन, बिरसा मुंडा की अगुआई में डोंबारी पहाड़ में हुए संघर्घ के शहीदों, सुभाषचन्द्र बोस, बुधू भगत, टाना भगत, तिलका मांझी, सिद्धू-कान्हू, चांद-भैरव, फूलो-झानो व नीलांबर-पीतांबर को याद करते हुए उनकी शानदार विरासत को बुलंद करने का निर्णय लिया गया है.

झारखंड में सावित्रीबाई फुले-फातिमा शेख जयंती पर ‘बहनापा अभियान’

विगत 3 जनवरी 2022 को झारखंड के विभिन्न हिस्सों में ऐपवा द्वारा भारत की पहली महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले की 191वीं जयंती मनाई गई. ऐपवा ने 3-9 जनवरी 2022 के बीच (सावित्रीबाई फुले-शेख फातिमा जयंती) सप्ताह भर तक चलनेवाले बहनापा अभियान की शुरूआत की और इसके दौरान जगह-जगह महिलाओं की शिक्षा व अन्य अधिकारों पर संघर्ष करने और कार्यक्रम आयोजित करने का संकल्प लिया.