वर्ष - 31
अंक - 51
17-12-2022

मोतिहारी में विगत 15 दिसंबर, 2022 को भाकपा(माले) के नेतृत्व में गरीब उजाड़ो अभियान पर रोक लगाने की मांग के साथ जिला मुख्यालय पर धरना दिया गया. भाकपा(माले) नेताओं रूपलाल शर्मा की अध्यक्षता व विष्णुदेव प्रसाद यादव के संचालन में आयोजित हुए धरना में भारी संख्या में गरीब-गुरबों ने भाग लिया.

भाकपा(माले) के जिला सचिव प्रभुदेव यादव, भैरव दयाल सिंह, भाग्यनारायण चौधरी, भोला साह, आदि नेताओं ने धरना को संबोधित किया.

धरना को संबोधित करते हुएनेताओं ने कहा कि नीतीश सरकार जरूर ही अब भाजपा से अलग होकर चल रही है लेकिन शासन-प्रशासन पर अब भी भाजपाई कार्यशैली हावी है. गरीबों को हाईकोर्ट के आदेश के नाम पर बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए धड़ल्ले से उजाड़ा जा रहा है जबकि उनके पास वासगीत के लिए दूसरी कोई जमीन है. इस जुल्म को गरीब बर्दाश्त नहीं करेंगे और भाकपा(माले) के नेतृत्व में स्थाई वास आवास के लिए आंदोलन तेज करेगे.

नेताओं ने बताया कि सुगौली प्रखंड के पजिअरवा में बिना हाईकोर्ट के आदेश के ही आंचलाधिकारी द्वारा 203 घरों को मनमाना तरीके से बुलडोजर चला कर जमींदोज करवा दिया गया है. इन घरों को इन लोगों ने कई वर्षों की कमाई जमा करके बनवाया था. यह जमीन कुछ परिवारों के पूर्वजों के नाम से खतियान में भी दर्ज है.

उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई भाजपा नेता जितेंद्र मिश्र और पूर्व विधायक रामचंद्र सहनी के इशारे पर की गई है. बिहार में सरकार महागठबंधन की चल रही है और प्रशासन भाजपा के साजिश से काम कर रहा है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उप मुख्यमंत्री को ऐसे मामलों में संवेदनशील होना होगा, नही तो सरकार के प्रति गरीबों का बढ़ता आक्रोश उग्र आंदोलन का रूप ले सकता है.

उन्होंने कहा कि पजिअरवा के बाद पूर्वी चंपारण के सैकड़ों गांवों के गरीबों को उजाड़ने का नोटिस भेजा गया है. इस पर तत्काल रोक लगनी चाहिए.